रायपुर : भारत निर्वाचन आयोग (ECI) ने देशभर के 345 पंजीकृत अप्रमाणित राजनीतिक दलों (RUPPs) के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी है। आयोग के अनुसार, इन दलों ने वर्ष 2019 से बीते छह वर्षों के दौरान किसी भी चुनाव में भाग नहीं लिया है और इनका कोई सक्रिय कार्यालय भी मौजूद नहीं पाया गया है।
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निर्वाचन आयोग ने ऐसे सभी दलों को सूची से हटाने की दिशा में कदम बढ़ाते हुए संबंधित राज्यों के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। इसके तहत छत्तीसगढ़ में भी कई राजनीतिक दलों की पहचान की गई है, जिन्हें कारण बताओ नोटिस जारी कर सुनवाई का अवसर दिया जा रहा है।सुनवाई प्रक्रिया के बाद छत्तीसगढ़ के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी इन दलों को डीलिस्ट करने का प्रतिवेदन निर्वाचन आयोग को भेजेंगे। अंतिम निर्णय भारत निर्वाचन आयोग द्वारा लिया जाएगा।
गौरतलब है कि भारत में राजनीतिक दलों (राष्ट्रीय/राज्य/पंजीकृत अप्रमाणित) का पंजीकरण लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 की धारा 29A के अंतर्गत किया जाता है। इस प्रावधान के तहत, कोई भी संघ एक बार राजनीतिक दल के रूप में पंजीकृत होने पर कर छूट जैसी कुछ विशेष सुविधाएं प्राप्त करता है।
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निर्वाचन आयोग का कहना है कि पंजीकृत अप्रमाणित राजनीतिक दलों की समीक्षा करना एक नियमित प्रक्रिया है। निष्क्रिय, अस्तित्वहीन या फर्जी गतिविधियों में संलिप्त दलों को सूची से हटाकर चुनाव प्रणाली की पारदर्शिता और विश्वसनीयता को बनाए रखना आयोग की प्राथमिकता है।इस कदम से यह भी सुनिश्चित होगा कि राजनीतिक दलों का पंजीकरण केवल वैध राजनीतिक गतिविधियों तक सीमित रहे और इसका दुरुपयोग न हो।
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