सूरजपुर : बिहारपुर इलाके से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। यहां एक सरकारी स्कूल के शिक्षक पर दो राज्यों में एक साथ नौकरी करने का आरोप लगा है। हैरानी की बात यह है कि वह शिक्षक दोनों जगहों से वेतन भी प्राप्त कर रहा था। हालांकि शिक्षा विभाग को इसकी जानकारी मिलने के बाद जांच के आदेश दे दिए गए हैं।
ये भी पढ़े : मुखिया के मुखारी - हम आपके हैं कौन बनते
दरअसल यह मामला सूरजपुर जिले के बिहारपुर और मध्य प्रदेश के सिंगरौली जिले के मकरोहर गांव का है। राजेश कुमार वैश्य नामक इस शिक्षक की वर्ष 2022 में छत्तीसगढ़ के बिहारपुर स्थित स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट विद्यालय में नियुक्ति हुई थी। लेकिन इसके साथ ही वह मध्य प्रदेश के मकरोहर गांव के एक सरकारी स्कूल में भी शिक्षक के पद पर कार्यरत था। मकरोहर गांव एमपी और छत्तीसगढ़ की सीमा पर स्थित है। राजेश ने पहले एमपी में शिक्षक की नौकरी शुरू की थी। बाद में उसने छत्तीसगढ़ के बिहारपुर तहसील का निवास प्रमाण पत्र बनवाकर वहां की सरकारी नौकरी भी हासिल कर ली।
वह सुबह 8 बजे छत्तीसगढ़ के स्कूल में हाज़िरी लगाकर पढ़ाने पहुंचता और फिर वहां से एमपी के स्कूल चला जाता था। उसने दोनों जगह समय का ऐसा तालमेल बैठाया कि किसी को शक नहीं हुआ। लेकिन जब यह मामला उजागर हुआ तो सूरजपुर के जिला शिक्षा अधिकारी ने बीईओ की अध्यक्षता में जांच के आदेश दे दिए हैं। अब यह पता लगाया जा रहा है कि राजेश वैश्य ने किन दस्तावेजों के आधार पर दोनों जगह नौकरी प्राप्त की और इसमें किन लोगों की मिलीभगत हो सकती है। यदि आरोप सही पाए जाते हैं तो उस पर सख्त कार्रवाई की जा सकती है।

Comments