एमसीबी : जल है तो कल है की सोच को आगे बढ़ाते हुए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय द्वारा शुरू किए गए मोर गांव-मोर पानी अभियान के तहत एमसीबी जिले में बड़े पैमाने पर जल संरक्षण कार्य किए जा रहे हैं। इसी क्रम में जिले में विभिन्न स्थानों पर बनाए गए रिचार्ज पिट लगातार सकारात्मक परिणाम दे रहे हैं। दैनिक उपयोग के बाद व्यर्थ बहने वाला पानी अब इन रिचार्ज पिट के माध्यम से भूमिगत होकर जलस्तर को बढ़ाने में सहायक बन रहा है। ये रिचार्ज पिट जिले के तीनों जनपद पंचायतों के अंतर्गत सभी आंगनबाड़ी केंद्रों, हैंडपंपों के पास, विद्यालय कैंपस, पंचायत भवनों, तथा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों और उप-स्वास्थ्य केंद्रों के पास बनाए गए हैं, ताकि आसपास के क्षेत्रों का पानी सीधे ज़मीन में समाहित हो सके।
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मनरेगा (MGNREGA) के तहत बनाए गए इन रिचार्ज पिट से जिले में जल संरक्षण को गति मिली है। जनपद खड़गवां - 50 स्थान, जनपद भरतपुर - 38 स्थान, जनपद मनेन्द्रगढ़ - 38 स्थानो पर आवश्यकता अनुसार रिचार्ज पिट का निर्माण कर व्यर्थ बहते पानी को संरक्षित करने की पहल की गई है। जिला पंचायत एमसीबी की मुख्य कार्यपालन अधिकारी, श्रीमती अंकिता सोम ने बताया कि जल संरक्षण को बढ़ावा देने हेतु जिले में कुल 126 नए रिचार्ज पिट बनाए गए हैं। प्रत्येक रिचार्ज पिट का निर्माण 40 हजार रूपए की मानक लागत से किया गया है। उन्होंने बताया कि इससे हजारों लीटर पानी भूमिगत होकर भविष्य के लिए सुरक्षित हो रहा है और ये संरचनाएं लंबे समय तक लाभ देने वाली सिद्ध होंगी।

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