परमेश्वर राजपूत, गरियाबंद छुरा : ठेठवार यादव समाज छुरा राज का एक दिवसीय वार्षिक अधिवेशन 22 फरवरी को समाज भवन छुरा नगर में गरिमामय एवं उत्साहपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ। अधिवेशन में समाज के स्वजातीय बंधुओं की बड़ी संख्या में सहभागिता रही। कार्यक्रम की शुरुआत समाज के आराध्य जगतगुरु श्रीकृष्णचंद्र एवं ईष्ट देव की विधिवत पूजा-अर्चना और महाआरती के साथ की गई।अधिवेशन में समाज के संरक्षक तिलक राम यादव, प्रहलाद यादव, राजेश यादव, प्रवीण यादव, अध्यक्ष शंकरलाल यदु, सचिव देवनारायण यादव, कोषाध्यक्ष खेमलाल यादव, सलाहकार धनीराम यादव, दिगम्बर यादव, कन्हैयालाल यादव सहित सभी पदाधिकारियों का चंदन-गुलाल लगाकर स्वागत किया गया।
ये भी पढ़े :मुखिया के मुखारी - सरकारी दावें हैं दावों से सरकार का क्या?
बैठक में प्राप्त आवेदन पत्रों पर समाज द्वारा विस्तृत विचार-विमर्श कर आवश्यक निर्णय लिए गए। इस अवसर पर खल्लरी राज से पधारे पदाधिकारियों का भी सम्मान किया गया तथा छुरा राज एवं खल्लरी राज के मध्य सामाजिक संबंधों को और सुदृढ़ करने पर चर्चा कर महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए।कोषाध्यक्ष खेमलाल यादव ने वार्षिक आय-व्यय एवं लेखा-जोखा प्रस्तुत किया, जिसे सर्वसम्मति से अनुमोदित किया गया। तीन वर्ष का कार्यकाल पूर्ण होने पर नए पदाधिकारियों का चयन भी सर्वसम्मति से किया गया। उल्लेखनीय है कि ठेठवार यादव समाज छुरा राज में पदाधिकारियों के चयन की परंपरा हमेशा सर्वसम्मति से रही है और आज तक चुनाव की नौबत नहीं आई है, जो समाज की एकता और अनुशासन का प्रतीक है।
सर्वसम्मति से चयनित नए पदाधिकारियों में अध्यक्ष पद पर चयन यादव (हरदी), कोषाध्यक्ष पद पर परमेश्वर यादव (रसेला) एवं सचिव पद पर योगेश यादव (लोहझर) को दायित्व सौंपा गया।
अधिवेशन के सभापति तिलक राम यादव ने अपने संबोधन में बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के साथ संस्कार देने का आह्वान किया, ताकि वे समाज के जिम्मेदार और जागरूक नागरिक बन सकें। प्रहलाद यादव, राजेश यादव एवं प्रवीण यादव ने समाज की दिशा और दशा पर प्रकाश डालते हुए शिक्षा को प्राथमिकता देने तथा सामाजिक कुरीतियों को त्यागने की आवश्यकता पर बल दिया।
पूर्व अध्यक्ष शंकरलाल यदु ने वार्षिक अधिवेशन की रूपरेखा प्रस्तुत करते हुए समाज के सभी स्वजातीय बंधुओं के प्रति आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम में उपस्थित अन्य पदाधिकारियों एवं पंचगणों ने भी अपने विचार व्यक्त किए।कार्यक्रम का सफल संचालन पूर्व सचिव देवनारायण यादव ने किया। अंत में सौहार्दपूर्ण वातावरण में स्नेहिल समापन हुआ। अधिवेशन में समाज के पंचगण, युवा साथी एवं बड़ी संख्या में स्वजातीय बंधु उपस्थित रहे।
.jpeg)

Comments