नींबू और जैतून तेल क्या वाकई शरीर की गंदगी साफ करते हैं? जानें एक्सपर्ट से

नींबू और जैतून तेल क्या वाकई शरीर की गंदगी साफ करते हैं? जानें एक्सपर्ट से

सोशल मीडिया पर इन दिनों जैतून का तेल और नींबू के शॉट्स पीने का ट्रेंड तेजी से वायरल हो रहा है। दावा किया जाता है कि इसे खाली पेट लेने से शरीर की गंदगी साफ होती है, लिवर डिटॉक्स होता है और वजन भी कम होता है।

लेकिन क्या वाकई ऐसा है या यह सिर्फ एक ट्रेंड है? इस विषय पर डॉ. चंचल शर्मा, आयुर्वेदिक चिकित्सक और फर्टिलिटी एक्सपर्ट, का कहना है कि हर नुस्खा हर व्यक्ति के लिए समान रूप से फायदेमंद नहीं होता। इसलिए इसके फायदे और सीमाएं समझना जरूरी है।

क्या शरीर में सच में गंदगी जमा होती है?

आयुर्वेद में शरीर में बनने वाले अपशिष्ट को आम (AMA) कहा जाता है, जो कमजोर पाचन के कारण बनता है। वहीं आधुनिक विज्ञान के अनुसार हमारा लिवर, किडनी और पाचन तंत्र खुद ही टॉक्सिन्स को बाहर निकालने का काम करते हैं। डॉ. चंचल शर्मा के मुताबिक, जैतून तेल और नींबू का मिश्रण पाचन सुधार सकता है, लेकिन इसे पूरी बॉडी क्लीनिंग का दावा करना सही नहीं है।

ये भी पढ़े : मुखिया के मुखारी - पैसा सबसे ज्यादा जरुरी है 

पाचन तंत्र पर असर

नींबू विटामिन C और एंटीऑक्सीडेंट से भरपूर होता है, जो पाचन एंजाइम्स को सक्रिय रखने में मदद करता है। जैतून का तेल आंतों को लुब्रिकेट करता है, जिससे कब्ज की समस्या में राहत मिल सकती है। डॉ. चंचल शर्मा बताती हैं कि सीमित मात्रा में यह मिश्रण पाचन को सपोर्ट कर सकता है, लेकिन इसे इलाज का विकल्प नहीं माना जाना चाहिए।

लिवर सपोर्ट और हार्मोन संतुलन

कई लोग इसे लिवर क्लेंजर मानते हैं, जबकि विशेषज्ञों का कहना है कि यह सीधे लिवर की सफाई नहीं करता। पाचन बेहतर होने से शरीर के टॉक्सिन्स बाहर निकलने में मदद मिलती है। जैतून के तेल में मौजूद हेल्दी फैट हार्मोन संतुलन में सहायक हो सकता है। महिलाओं के लिए यह त्वचा और प्रजनन स्वास्थ्य के लिहाज से लाभकारी माना जाता है।
 

वजन नियंत्रण में भूमिका

यह मिश्रण मेटाबॉलिज्म को हल्का बढ़ावा दे सकता है, जिससे वजन नियंत्रित रखने में मदद मिलती है। हालांकि, केवल इसे पीने से वजन कम नहीं होगा। संतुलित आहार और नियमित व्यायाम जरूरी है।
 

क्या रोज पीना सुरक्षित है?

डॉ. चंचल शर्मा के अनुसार जिन लोगों को एसिडिटी या पित्त की समस्या है, उन्हें खाली पेट नींबू नहीं लेना चाहिए। अधिक मात्रा में जैतून का तेल लेने से पेट दर्द, उल्टी या दस्त हो सकते हैं। इसलिए किसी भी आयुर्वेदिक नुस्खे को अपनाने से पहले डॉक्टर की सलाह जरूर लें।








You can share this post!


Click the button below to join us / हमसे जुड़ने के लिए नीचें दिए लिंक को क्लीक करे


Related News



Comments

  • No Comments...

Leave Comments