परमेश्वर राजपूत, गरियाबंद / छुरा : पेट्रोल-डीजल की किल्लत और लगातार बढ़ती महंगाई को लेकर ब्लॉक कांग्रेस कमेटी छुरा द्वारा तीन दिवसीय धरना-प्रदर्शन की शुरुआत की गई। प्रदेश कांग्रेस कमेटी के आह्वान पर आयोजित इस आंदोलन के पहले दिन कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने टिकरिहा एवं मेमन पेट्रोल पंप पहुंचकर प्रदर्शन किया। इस दौरान कांग्रेस नेताओं एवं कार्यकर्ताओं ने पेट्रोल पंपों पर मौजूद ग्राहकों और ग्रामीणों से सीधा संवाद कर उनकी समस्याएं सुनीं तथा केंद्र एवं राज्य सरकार की नीतियों के खिलाफ नाराजगी जताई।
धरना-प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि पेट्रोल, डीजल, खाद्य सामग्री, सराफा और दैनिक उपयोग की वस्तुओं के दाम लगातार बढ़ते जा रहे हैं, जिससे किसान, मजदूर, व्यापारी, कर्मचारी और मध्यम वर्गीय परिवार गंभीर आर्थिक संकट का सामना कर रहे हैं। नेताओं ने कहा कि महंगाई ने आम जनता की कमर तोड़ दी है और सरकार हालात संभालने में विफल साबित हो रही है।
ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष माहेश्वरी शाह ने कहा कि प्रदेश में पेट्रोल-डीजल की कमी के बीच प्रशासन द्वारा सीमित मात्रा में ईंधन देने का आदेश जारी किया गया है, जिससे किसानों और आम नागरिकों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय खेती-किसानी का है और किसानों को ट्रैक्टर, पंप और अन्य कृषि कार्यों के लिए पर्याप्त डीजल की आवश्यकता होती है। ऐसे समय में एक हजार रुपये का डीजल और तीन सौ रुपये का पेट्रोल देना पूरी तरह अव्यवहारिक है। उन्होंने कहा कि ईंधन की कमी के कारण खेती के कार्य प्रभावित हो रहे हैं और ग्रामीण क्षेत्रों में लोगों की परेशानियां लगातार बढ़ रही हैं। उन्होंने आगे कहा कि यदि किसी मरीज की अचानक तबीयत खराब हो जाए और उसे रायपुर या अन्य बड़े स्वास्थ्य केंद्रों में रेफर करना पड़े, तो सीमित पेट्रोल की व्यवस्था के कारण लोगों को गंभीर संकट का सामना करना पड़ सकता है। इससे आम नागरिकों में भय और असंतोष का माहौल बना हुआ है।
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महामंत्री हरीश यादव ने कहा कि शासन द्वारा लगातार यह दावा किया जा रहा है कि पेट्रोल और डीजल की पर्याप्त उपलब्धता है, लेकिन धरातल पर हालात इसके विपरीत हैं। उन्होंने कहा कि लोग घंटों लाइन में लगने के बावजूद पर्याप्त मात्रा में ईंधन नहीं प्राप्त कर पा रहे हैं। इससे स्पष्ट है कि सरकार की व्यवस्थाएं पूरी तरह चरमरा गई हैं और प्रशासनिक स्तर पर समुचित प्रबंधन नहीं हो पा रहा है।
पार्षद सलीम मेमन ने केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी लोगों से विदेश यात्राएं कम करने की अपील करते हैं, लेकिन स्वयं लगातार विदेश दौरे कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि हर चुनाव के बाद महंगाई बढ़ जाती है और इसका सीधा असर आम जनता की जेब पर पड़ता है। उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर महंगाई पर नियंत्रण के लिए सरकार ठोस कदम क्यों नहीं उठा रही है।इस सरकार में आम जनता,किसान और व्यापारी सभी परेशान है neet जैसे महत्वपूर्ण परीक्षा भी लीक हो गई जिससे लाखों बच्चों के मेहनत पर पानी फ़िर गया।
युवा नेता अंशुल तिवारी ने कहा कि सरकार द्वारा कई योजनाएं चलाई जा रही हैं, लेकिन उनका लाभ अंतिम व्यक्ति तक सही तरीके से नहीं पहुंच पा रहा है। उन्होंने कहा कि बढ़ती महंगाई, बेरोजगारी और ईंधन संकट से आम जनता परेशान है। यदि यही स्थिति बनी रही तो आने वाले चुनावों में जनता सरकार को जवाब देगी और परिवर्तन की लहर देखने को मिलेगी।धरना-प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने पेट्रोल पंपों पर पहुंचे ग्राहकों और ग्रामीणों से चर्चा कर उनकी समस्याएं जानीं। छुरा, रसेला, लोहझर, गायडबरी, मडेली सहित आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों से पहुंचे लोगों ने बताया कि पेट्रोल-डीजल की कमी के कारण खेती-किसानी, व्यापार, परिवहन और स्वास्थ्य सेवाओं तक हर क्षेत्र प्रभावित हो रहा है। ग्रामीणों ने कहा कि समय पर ईंधन नहीं मिलने से दैनिक कार्यों में बाधा उत्पन्न हो रही है और लोगों को अतिरिक्त आर्थिक बोझ उठाना पड़ रहा है।
कांग्रेस नेताओं ने कहा कि यह आंदोलन केवल राजनीतिक नहीं बल्कि आम जनता की समस्याओं को लेकर किया जा रहा है। आने वाले दिनों में भी विभिन्न स्थानों पर धरना-प्रदर्शन और जनसंवाद कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे, ताकि सरकार तक जनता की आवाज पहुंचाई जा सके।
इस दौरान राजा यष्पेंद्र शाह, पूर्व जिला उपाध्यक्ष समद खान, नगर पंचायत उपाध्यक्ष अब्दुल शमीम खान, नेता प्रतिपक्ष पंचराम टंडन, देवसिंग नेताम, श्रीमती राजकुमारी सोनी, भानुप्रताप वर्मा, डॉ. योगेंद्र चंद्राकर, थानु राम तारक, न्याज अहमद, शांतनु देवांगन, श्वेता चंद्राकर, सोनू दीक्षित,देशबाई ध्रुव, शैलेन्द्र दीक्षित, मोनू दीक्षित, संदीप सोनी, विकास दुबे, वीरेंद्र निर्मलकर सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता एवं ग्रामीणजन उपस्थित रहे।


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