बिलासपुर में ACB की बड़ी कार्रवाई: 25 हजार लेते पटवारी, 10 हजार लेते बिजली विभाग का बाबू गिरफ्तार

बिलासपुर में ACB की बड़ी कार्रवाई: 25 हजार लेते पटवारी, 10 हजार लेते बिजली विभाग का बाबू गिरफ्तार

 बिलासपुर :  जिले में एसीबी ने भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। रतनपुर तहसील में बिलासपुर एसीबी ने ट्रैप कार्रवाई करते हुए लालपुर पटवारी को 25 हजार रुपए रिश्वत लेते पकड़ा। वहीं मस्तरी में सीएसपीडीसीएल (विद्युत विभाग ) के बाबू को भी 10 हजार रुपए रिश्वत लेते हुए पकड़ा।

जानकारी के मुताबिक रतनपुर निवासी अशोक अग्रवाल ने एसीबी इकाई बिलासपुर में लालपुर पटवारी की शिकायत की थी। उन्होंने अपनी शिकायत में बताया था कि वह अपने लालपुर स्थित जमीन का नक्शा बटांकन करने के लिए करीब एक वर्ष पूर्व तहसीलदार रतनपुर के यहां आवेदन दिया था। इस पर उक्त कार्य करने के लिए तहसीलदार रतनपुर ने लालपुर पटवारी को आदेशित किया था। उक्त कार्य करने के लिए जब उन्होंने लालपुर पटवारी भानु चंद्राकर से संपर्क किया तो उसने 40000 रुपए रिश्वत की मांग की, किंतु वह पटवारी भानु को उक्त कार्य के लिए रिश्वत नहीं देना चाहता था बल्कि उसे रंगे हाथ पकड़वाना चाहता है।

ये भी पढ़े :मुखिया के मुखारी - पैसा सबसे ज्यादा जरुरी है

मामले का सत्यापन कराने पर शिकायत सही पाई गई। सत्यापन के दौरान मोलभाव करने पर आरोपी पटवारी ने 25000 रुपए लेने के लिए सहमति दी, जिस पर ट्रैप की योजना तैयार की गई। 25 जून को प्रार्थी को पैसा लेने के लिए पटवारी द्वारा तहसील कार्यालय रतनपुर बुलाया गया था। प्रार्थी को रिश्वत रकम 25000 रुपए देकर भेजे जाने पर तहसील कार्यालय रतनपुर में प्रार्थी से रिश्वत रकम 25000 रुपए लेते ही एसीबी बिलासपुर की टीम ने पटवारी भानु चंद्राकर को पकड़ लिया। रिश्वत में ली गई राशि 25000 रुपए को आरोपी से बरामद किया गया और उसके विरुद्ध धारा 7 भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 के तहत कार्रवाई की जा रही है। डीएसपी एसीबी बिलासपुर ने किसी भी विभाग के लोकसेवक द्वारा रिश्वत मांगने पर तत्काल सूचना देने की अपील की है।

बिजली विभाग का बाबू किसान से रिश्वत लेते गिरफ्तार

बिलासपुर जिले के मस्तरी में भी एसीबी ने बिजली विभाग के बाबू को किसान से रिश्वत लेते रंगे हाथों पकड़ा। ग्राम पारघाट जिला बिलासपुर निवासी त्रिलोकी साहू ने एसीबी इकाई बिलासपुर में मामले की शिकायत की थी। उन्होंने बताया था कि वह अपने ग्राम पाराघाट स्थित करीब एक एकड़ कृषि जमीन में शासन की योजना के तहत विद्युत की सुविधा ले जाने निःशुल्क विद्युत पोल लगाने के लिए सीएसपीडीसीएल कार्यालय मस्तूरी में आवेदन प्रस्तुत किया था, जिस पर वहां पदस्थ बाबू सहदेव कुमार चंद्रा ने पोल लगाने का प्रोसेस करने के बदले 10000 रुपए रिश्वत की मांग की जा रही है। वह बाबू सहदेव कुमार चंद्रा को उस कार्य के लिए 10000 रुपए रिश्वत नहीं देना चाहता बल्कि उसे रंगे हाथ पकड़वाना चाहता है।

शिकायत का सत्यापन कराने पर मामला सही पाया गया। आज प्रार्थी को आरोपी बाबू को रिश्वती रकम देने के लिए सीएसपीडीसीएल कार्यालय मस्तूरी भेजा गया था, जो प्रार्थी से रिश्वत रकम 10000 रुपए लेते ही आरोपी सहदेव कुमार चंद्रा को एसीबी बिलासपुर की टीम ने पकड़ लिया। रिश्वत में ली गई राशि 10000 रुपए को आरोपी भानु चंद्राकर से बरामद कर लिया गया है। आरोपी के विरुद्ध धारा 7 भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 के तहत कार्रवाई की जा रही है।

 







You can share this post!


Click the button below to join us / हमसे जुड़ने के लिए नीचें दिए लिंक को क्लीक करे


Related News



Comments

  • No Comments...

Leave Comments